सीबीआई का फुल फॉर्म क्या होता हैं

सीबीआई का फुल फॉर्म क्या होता हैं CBI ka full form in hindi सीबीआई का नाम तो अक्सर सभी लोग सुने होंगे क्योंकि हमेशा चर्चा में रहता हैं. लेकिन सीबीआई का फुल फॉर्म क्या होता हैं इसके बारे में इस लेख में जानेंगें.जब भी हमारे देश में कोई बड़ी घटना घटती हैं तो वह सीबीआई जैसे इन्वेस्टिगेशन एजेंसी को जांच करने की जिम्‍मेदारी  दी जाती हैं.

क्योंकि सीबीआई भारत में बहुत ही ज्यादा प्रचलित और लोकप्रिय जांच एजेंसी हैं.हमेशा टीवी चैनलों पर न्यूज़ में या न्यूज़पेपर में देखते या पढ़ते हैं कि सीबीआई ने जो हाई प्रोफाइल केस हैं उसको बहुत ही आसानी से सॉल्व कर के सबूत के साथ अपराधी को पकड़ा हैं.

सीबीआई जो भी केस सल्‍व करती हैं उसको बहुत ही सख्‍ती से और जिम्‍मेदारी के साथ करती हैं तो आइए नीचे सीबीआई अपना काम कैसे करती हैं इसका स्थापना कब हुआ,  अगर कोई सीबीआई में भर्ती होना चाहता हैं तो उसके लिए योग्यता क्या होनी चाहिए सीबीआई का फुल फॉर्म क्या होता हैं विस्‍तार से जानते हैं. AM और PM का फुल फॉर्म क्या होता हैं

सीबीआई का फुल फॉर्म क्या होता हैं

जिस तरह से हर देश में बड़े से बड़े घोटालों हत्या आदि मामलों को सुलझाने के लिए एक जांच एजेंसी रहती हैं. उसी तरह भारत की भी अपनी एक जांच एजेंसी हैं जिसको सीबीआई के नाम से जानते हैं. यह एजेंसी अपने देश में तो अपना काम करती ही हैं साथ ही विदेश स्तर पर भी जो अपराध होते हैं उनका भी जांच करने का जिम्मा दिया जाता हैं.

सीबीआई एक बहुत ही लोकप्रिय और बड़े से बड़े अपराधों की जांच करने वाली भारत की एक जांच एजेंसी हैं.CBI को सेंट्रल ब्यूरो आफ इन्वेस्टिगेशन के नाम से जानते हैं. PWD ka full form क्या होता हैं

सीबीआई का फुल फॉर्म

  • C:-Central
  • B:-Bureau of
  • I:-Investigation

CBI ka full form

CBI full form in Hindi

सेंट्रल ब्यूरो आफ इन्वेस्टिगेशन होता हैं. जिसको हिंदी में केंद्रीय जांच ब्यूरो या केंद्रीय जांच एजेंसी कहा जाता हैं. CBI को जो भी जांच करने के लिए दिया जाता हैं वह अपना जांच करके रिपोर्ट गृह मंत्रालय को देती  हैं. इसे केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो भी कहा जाता हैं.

हमारे देश में दो तरह के जांच एजेंसी हैं जो कि हाई प्रोफाइल केस को बहुत ही अच्छे तरीके से सुुलझाते हैं. वह सीआईडी और CBI हैं.CID राज्य स्तर पर काम करती लेकिन CBI केंद्रीय स्तर पर काम करती हैं. देश के साथ साथ इस जांच एजेंसी को विदेशों में भी कई मामलों को सुलझाने के लिए भेजा जाता हैं.

सीबीआई का स्थापना कब हुआ

जिस तरह भारत के हर राज्‍य में कठिन से कठिन अपराधों का जांच करने के लिए सीआईडी का गठन किया गया था. उसी तरह सीबीआई जैसे इन्वेस्टिगेशन एजेंसी का भी स्थापना भारत  में बडे अपराधों का जांच करने के लिए हुआ. लेकिन सीआईडी जो हैं वह राज्य स्तर पर काम करती हैं और CBI का काम देश के साथ-साथ विदेश में भी जांच करना होता हैं.

CBI का स्थापना 1941 में भारत सरकार ने किया था. इसका हेड क्वार्टर नई दिल्ली में स्थित हैं. लेकिन 1963 में इस जांच एजेंसी का नाम सेंट्रल ब्यूरो आफ इन्वेस्टिगेशन रखा गया.

सीबीआई को इसी उद्देश्य से गठित किया गया कि इस जांच एजेंसी के द्वारा भारत की जो नेशनल सिक्योरिटी हैं वह हमेशा सुरक्षित रहेगी और CBI इसके लिए हमेशा तैयार भी रहती हैं. जब सीबीआई का गठन हुआ तो उस समय सबसे पहले जो इसके अध्यक्ष थे उनका नाम न्यायमूर्ति श्री रंगनाथ मिश्रा था. वर्तमान समय में सीबीआई के अध्यक्ष ऋषि कुमार शुक्ला हैं.

सीबीआई कैसे काम करती हैं

एक जांच एजेंसी हैं जो स्वतंत्र रूप से अपना कार्य करना चाहती हैं. क्योंकि जब इसके काम में कोई इंटरफेयर करने लगेगा तो काम सही से नहीं हो पाएगा. भारत सरकार ने इस जांच एजेंसी का गठन मुख्य रूप से आर्थिक और भ्रष्टाचार से जुड़े अपराधों के जांच के लिए और राष्ट्र हित से जुड़े जो भी राष्ट्र सुरक्षा हैं उसके लिए किया गया हैं.

कभी-कभी हमने देखा हैं और सुना भी हैं कि कोई ऐसा केस होता हैं जो कि लोकल पुलिस नहीं सुलझा पाती हैं. कोर्ट में कितने दिनों तक वह केस चलता रहता हैं फिर भी उसका अपराधी पकड़ा नहीं जाता हैं.

तब वकील जज को यही सुझाव देते हैं कि इस केस को CBI को सौंप दिया जाए. जब CBI को कोई भी केस सौंप दिया जाता हैं तो आप बहुत ही अच्छे से उस केस का इन्वेस्टिगेशन करते हैं और

पूरे सबूतों के साथ अपराधी को पकड़कर सजा भी दिलाते हैं. सीबीआई के जो भी टीम होती हैं बहुत ही ज्यादा समझदार, ताकतवर, इमानदार होती हैं. किसी भी हाई प्रोफाइल केस को सॉल्व करने के लिए हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट सीबीआई को केस सौंपती हैं इसके लिए हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट को किसी के भी अनुमति लेने का जरूरत नहीं रहता हैं.

How Does CBI Work

जब हाई कोर्ट की तरफ से CBI को कोई नहीं केस जांच करने के लिए मिल जाता हैं तो उसमें कोई भी दखलंदाजी नहीं कर सकता हैं. लेकिन जब प्रधानमंत्री चाहेंगे तो उसमें इंटरफेयर जरूर कर सकते हैं.

CBI  अपना काम करने के लिए एकदम स्वतंत्र होती हैं. किसी भी बड़े से बड़े केस जो होते हैं जिसका सॉल्यूशन कोई भी जांच एजेंसी नहीं कर पाती हैं.

उसको CBI बहुत ही अच्छे तरीके से सॉल्व कर लेती हैं. CBI का मुख्य कार्य हत्या भ्रष्टाचार आतंकवाद बड़ा से बड़ा घोटाला देश के विरुद्ध जो भी अपराध होते हैं उसका जांच करना और उस केस को सॉल्व करके गृह मंत्री को सौंपना होता हैं. CBI एक बहुत ही विश्वसनीय और उच्च वर्ग की संस्था मानी जाती हैं.

सीबीआई अकैडमी का स्थापना कब हुआ

सीबीआई राज्य के साथ-साथ देश में और विदेश में भी किसी भी तरह के अपराधिक मामलों की जांच करती हैं. इसीलिए सेंट्रल ब्यूरो आफ इन्वेस्टिगेशन कहा जाता हैं. यह एक केंद्रीय जांच एजेंसी हैं जो कि भारत में सभी अपराधिक मामलों की जांच करने के लिए स्वतंत्र रहती हैं. किसी भी राज्य में अगर कोई बड़ी अपराधिक घटना घटित होती हैं

तो हाईकोर्ट उस राज्य के सहमति के बिना भी सीबीआई को उस मामले का जांच करने के लिए सौंप सकती हैं. CBI ने अपने एक एकेडमी का निर्माण 1966 में उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में किया गया.यह अकैडमी पुलिस प्रशिक्षण संस्थान के रूप में बहुत ही ज्यादा प्रसिद्ध हो गया हैं.CBI के द्वारा इसके साथ ही 3 और क्षेत्रीय प्रशिक्षण केंद्र बनाए गए हैं.

जोकि मुंबई कोलकाता और चेन्नई में स्थित हैं.CBI के डायरेक्टर ऋषि कुमार शुक्ला वर्तमान समय में हैं जो कि CBI टीम की देखरेख का जिम्मा इन्हीं के हाथों में हैं. सीबीआई का सबसे मुख्य कार्य धोखाधड़ी हत्या चोरी और राष्ट्रीय लेवल और अंतरराष्ट्रीय अपराधिक मामलों का इन्वेस्टिगेशन करना होता हैं.

सीबीआई के लिए क्या योग्यता होनी चाहिए

कई ऐसे छात्र हैं जो कि पढ़ाई करने के बाद CBI में भर्ती होकर अपने देश के लिए देश के हित के लिए कुछ करना चाहते हैं. देश में जो भी भ्रष्टाचार घूसखोरी हत्या लूटपाट जो भी हो रहे हैं उससे देश को बचाने के लिए CBI में भर्ती होना चाहते हैं तो उसके लिए कुछ योग्यता होनी बहुत ही जरूरी हैं.

CBI में भर्ती होने के लिए उसमें ऑफिसर बनने के लिए किसी भी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से बीए यानी के स्नातक पूरा होना चाहिए और उसमें 55 परसेंट मार्क रहना चाहिए. एसएससी जिसे की स्टाफ सिलेक्शन कमीशन के द्वारा जो सीजीएल एग्जाम होता हैं उसको पास करना होता हैं.

इस परीक्षा में पास होने के बाद एक इंटरव्यू परीक्षा होता हैं. इसमें भी जो पास हो जाता हैं वह CBI में सिलेक्ट हो जाता हैं. अगर कोई लिखित परीक्षा में पास हो जाए और इंटरव्यू में फेल हो जाता हैं तो वह व्यक्ति CBI में भर्ती नहीं हो सकता हैं.

CBI में इंस्पेक्टर रैंक पर भर्ती होने के लिए यह एक तरीका यह भी हैं कि अगर कोई किसी भी राज्य के पुलिस में भर्ती हैं तो अगर वह चाहे तो डेपुटेशन के द्वारा सीबीआई में भर्ती हो सकता हैं.

सीबीआई के लिए क्‍या उम्र होनी चाहिए

सीबीआई का फुल फॉर्म क्या होता हैं – किसी भी जॉब को करने के लिए या किसी भी डिग्री को प्राप्‍त करने के लिए एक उम्र सीमा जरूर होता हैं इसी तरह सीबीआई के लिए भी उम्र का सीमा रखा गया हैं. सीबीआई के लिए उम्र 20 साल से 27 साल के बीच में होना जरूरी हैं. इसमें भी जो आरक्षण कोटि में हैं उनके लिए कुछ छूट जरूर मिलता हैं.

 

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सारांश 

एक बहुत ही उच्च कोटि के विश्वसनीय और उच्‍च  संस्था मानी जाती हैं. इसमें जो भी भर्ती होते हैं बहुत ही समझदार और ईमानदार होते हैं. क्योंकि सीबीआई का काम ही इमानदारी से स्वतंत्र रूप से बहुत ही समझदारी से करने वाला हैं. सीबीआई को भारत का सिक्योरिटी कि जिम्मेदारी होती हैं.\

इस लेख में सीबीआई का फुल फॉर्म क्या होता हैं सीबीआई काम कैसे करती हैं. इस का स्थापना कब हुआ इसके बारे में पूरी जानकारी दी गई हैं.

आप लोगों सीबीआई का फुल फॉर्म कैसा लगा कृपया कमेंट बॉक्स में कमेंट करके हमें जरूर बताएं और अपने दोस्त मित्र और अन्य सोशल साइट्स पर भी शेयर जरूर करें. ताकि अन्य लोगों के पास भी यह जानकारी पहुंच पाए.डिजिटल मार्केटिंग क्या हैंं

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1 thought on “सीबीआई का फुल फॉर्म क्या होता हैं”

  1. नमस्ते प्रियंका जी आपकी यह जानकारी ज्ञान वर्धक है. आपकी वेबसाइट पर भी अच्छी अच्छी पोस्ट है जो बेहद उपयोगी है।

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