कीबोर्ड का अविष्कार किसने किया | Keyboard Ka Avishkar Kisne Kiya

कंप्यूटर में किसी भी तरह का कार्य करने के लिए कीबोर्ड का महत्वपूर्ण भूमिका होता है. Keyboard एक कंप्यूटर इनपुट डिवाइस है. जिसके द्वारा कंप्यूटर में किसी भी तरह का वर्ल्ड इनपुट किया जाता है, तभी हम अपने कंप्यूटर पर उसका रिजल्ट देख पाते हैं. लेकिन Keyboard Ka Avishkar Kisne Kiya कीबोर्ड का अविष्कार सबसे पहले किसने किया था यह जानकारी भी प्राप्त करना आवश्यक है.

वैसे तो आज के समय में कई तरह के कीबोर्ड उपलब्ध है जैसे कि कोई कीबोर्ड वायर के द्वारा कंप्यूटर में कनेक्ट होता है. कोई कीबोर्ड वायरलेस होता है, उसे वाईफाई या ब्लूटूथ के द्वारा कंप्यूटर में इनपुट किया जाता है. लेकिन सबसे पहला QWERTY कीबोर्ड का अविष्कार हुआ था. 

Keyboard में जो पहला लाइन होता है उस पर QWERTY लिखा रहता है इसी वजह से इस कीबोर्ड को क्यू डब्ल्यू ई आर टी वाई यानी कि क्वर्टी कीबोर्ड के नाम से जानते है, तो इस कीबोर्ड का खोज सबसे पहले किस व्यक्ति ने किया था. क्वर्टी कीबोर्ड से पहले किस तरह का कीबोर्ड से टाइपिंग किया जाता था के बारे में नीचे विस्तार से जानते हैं. दूरबीन का अविष्कार किसने किया

Keyboard Ka Avishkar Kisne Kiya 

कंप्यूटर का कई पार्ट होता है. कुछ इनपुट डिवाइस होता है. कुछ आउटपुट डिवाइस होता है. कंप्यूटर में किसी भी तरह का कार्य करने के लिए इनपुट डिवाइस और आउटपुट डिवाइस का उपयोग महत्वपूर्ण है.

इसी तरह कंप्यूटर का एक बहुत ही महत्वपूर्ण पार्ट इनपुट डिवाइस कीबोर्ड होता है, जिससे कंप्यूटर को कमांड करने के लिए उपयोग किया जाता है. सबसे पहले क्वर्टी कीबोर्ड का अविष्कार अमेरिका के क्रिस्टोफर लैथम शोलेज ने किया था.

Keyboard Ka Avishkar Kisne Kiya 

इसीलिए क्रिस्टोफर लैथम सोलेज को फादर ऑफ द टाइपराइटर या क्वर्टी कीबोर्ड का जनक कहा जाता है. पहले टाइपिंग करने के लिए टाइपराइटर का इस्तेमाल किया जाता था.

लेकिन टाइपराइटर में स्पेस बटन नहीं होता था, जिससे टाइपिंग करने में बहुत परेशानी होती थी. टाइपिंग करने में स्पीड भी कम रहता था और किसी भी तरह का गलती हो जाता था, तो उसको मिटाने में भी दिक्कत होता था.

उस टाइपराइटर में जो भी इंग्लिश वर्ड होता था वह एबीसीडी यानि कि ए टू जेड लगातार लिखा रहता था. इसको यूज़ करने में बहुत ही परेशानी होती थी.

इसीलिए Christopher Sholes ने स्पेस बटन के साथ और उस पर सभी अंग्रेजी वर्ड इधर-उधर करके क्वर्टी कीबोर्ड का बनाया.

Keyboard का अविष्कार कब हुआ

वैसे तो 17वीं शताब्दी में ही टाइपराइटर का इस्तेमाल किया जाने लगा था. लेकिन उसमें कई तरह की खामियां होने की वजह से टाइपिंग करने में दिक्कत होता था.

जैसे कि उसमें इंग्लिश वर्ड लगातार ए टू जेड था तथा स्पेस बटन नहीं रहता था. इसलिए कम स्‍पीड में टाइपिंग होता था. 1968 में Christopher Sholes ने कीबोर्ड पर सभी इंग्लिश वर्ड अलग अलग कर के ऊपर के लाइन में क्यू डब्ल्यू ई आर टी वाई लिखा हुआ रहता हैं, जिसे क्वर्टी कीबोर्ड कहा जाता है.

आज के समय में भी इसी Keyboard का उपयोग किया जाता है. फिर Christopher Sholes ने इस कीबोर्ड का पेटेंट अपने नाम करवाया. सबसे पहला कीबोर्ड जिस पर शिफ्ट की लगाकर बनाया गया, उसका 1878 में अविष्कार हुआ.

इसके बाद से लेकर वर्तमान समय तक कई तरह के बदलाव करके कीबोर्ड बनाया गया. समय की जरूरतों को देखते हुए अलग-अलग तरह के कीबोर्ड का अविष्कार हो रहा है.

कीबोर्ड का फुल फॉर्म क्या होता है

कंप्यूटर को चलाने के लिए कीबोर्ड का उपयोग जरूरी है. वैसे तो आज के समय में कई ऐसे लैपटाप का अविष्कार हो चुका है जिसका इस्तेमाल स्क्रीन टच के द्वारा किया जाता है.

लेकिन फिर भी कई कंप्यूटर या लैपटॉप में कीबोर्ड के बिना कार्य करना मुश्किल हो जाता है. कीबोर्ड का फुल फॉर्म Keys Electronic Yet Board Operating A to Z Response Directly होता है.

KKeys
EElectronic
YYet
BBoard
OOperating
AA to Z
RResponse
DDirectly

कीबोर्ड का प्रकार

कंप्यूटर Keyboard में कई तरह के Keys होते हैं. जिनमे सबसे ऊपर फंक्शन की होता है. उसके बाद नंबर की होता है. नंबर की के नीचे क्यू डब्ल्यू ई आर टी वाई लिखा हुआ वर्ड होता हैं जोकि टॉप की होता है. इसी QWERTY के नाम से कीबोर्ड को क्वर्टी कीबोर्ड कहते हैं.

इसके नीचे मिडिल रो होता है. जिसमें ASDFGHJKL लिख होता हैं. सबसे नीचे में बॉटम की होता है.जिसमें ZXCVBNM लिखा रहता हैं. कीबोर्ड के दाहिने तरफ साइड में नंबर लिखा रहता है उसे न्यूमेरिकल की कहते हैं.

इसके अलावा Keyboard में और भी कई की होते हैं, जैसे कि कैपस्लॉक, शिफ्ट की, कंट्रोल की, अल्‍ट की, इंटर की, बैकस्पेस, चार एरो की आदि. हर कीबोर्ड में की का संख्या अलग अलग होता है.

पहले जो Keyboard होता था उसमें सिर्फ 84 की होता था. लेकिन अधिकतम की का संख्या 105 से 110 हो सकता है. Keyboard कई प्रकार के होते हैं जिनका नाम अलग-अलग है.

  • वायर्ड कीबोर्ड 
  • वायरलेस कीबोर्ड 
  • एर्गोनोमिक कीबोर्ड 
  • नरम और लचीला कीबोर्ड 
  • वर्चुअल कीबोर्ड 
  • प्रोजेक्शन कीबोर्ड 
  • गेमिंग कीबोर्ड 
  • मैकेनिकल कीबोर्ड 
  • मेंब्रेन कीबोर्ड 
  • मल्टीमीडिया कीबोर्ड

Keyboard का उपयोग

कंप्यूटर पर अगर किसी तरह का क्वेश्चन का या किसी भी तरह का रिजल्ट देखना है तो पहले Keyboard से वर्ड को कंप्यूटर में इंटर करना पड़ता है. कीबोर्ड कंप्यूटर का एक इनपुट डिवाइस है.

कंप्यूटर का एक बहुत ही महत्वपूर्ण हिस्सा कीबोर्ड होता है. कीबोर्ड को हिंदी में कुंजीपटल के नाम से जानते हैं. किसी भी कंप्यूटर में एक कीबोर्ड का कई तरह से उपयोग किया जाता है.

  • कीबोर्ड के द्वारा कंप्यूटर को निर्देश देने का कार्य करते हैं.
  • कंप्यूटर में नंबर, अंग्रेजी वर्ड और चीन्‍ह के द्वारा लिखने के बाद किसी भी तरह के क्वेश्चन का आंसर प्राप्त कर सकते हैं.
  • कंप्यूटर में गेम खेल सकते हैं.
  • कीबोर्ड के अनेक की के द्वारा शॉर्टकट की का उपयोग करके कंप्यूटर में कार्य करते हैं.
  • कंप्यूटर को Keyboard के द्वारा कमांड किया जाता है.
  • हिंदी या इंग्लिश में कंप्यूटर में टाइपिंग करने के लिए कीबोर्ड का इस्तेमाल किया जाता है.
  • कंप्यूटर में कीबोर्ड के हर एक बटन का उपयोग करके अलग-अलग कार्य कर सकते हैं. जैसे कि नंबर की से नंबर लिख सकते हैं, अल्फाबेटिकल की से अंग्रेजी वर्ड लिख सकते हैं आदि.
  • कीबोर्ड के द्वारा कंप्यूटर को कंट्रोल कर सकते हैं.
  • कंप्यूटर में अपने हिसाब से कीबोर्ड के उपयोग से कार्य कर सकते हैं.

FAQ

कीबोर्ड का अविष्कार किसने किया

कीबोर्ड का अविष्कार क्रिस्टोफर लैथम शोलेज ने किया था.

कीबोर्ड का अविष्कार कब किया गया.

1868 में पहला क्वर्टी कीबोर्ड का अविष्कार हुआ.

कीबोर्ड को हिंदी में क्या कहते हैं

हिंदी में कीबोर्ड को कुंजीपटल के नाम से जानते हैं.

कीबोर्ड क्या है.

कंप्यूटर एक बहुत ही महत्वपूर्ण पार्ट कीबोर्ड होता है. यह एक कंप्यूटर का इनपुट डिवाइस होता है.

फादर ऑफ कीबोर्ड किसे कहते हैं.

कीबोर्ड के जनक का क्रिस्टोफर लैथम शोलेज को कहा जाता है.

Keyboard में कितने बटन होते हैं.

पहले के कीबोर्ड में 84 बटन होते थे. लेकिन वर्तमान समय के कीबोर्ड में लगभग 100 से 110 तक बटन होते हैं. लेकिन कीबोर्ड कई प्रकार के होते हैं जिनमें अलग-अलग की का संख्या कम या ज्यादा हो सकता है.

सारांश

Keyboard Ka Avishkar Kisne Kiya  पहले किसी भी तरह का वर्ड लिखने के लिए पेपर और पेन का इस्तेमाल किया जाता था. लेकिन बाद में टाइपिंग करने के लिए टाइपराइटर का अविष्कार किया गया.

फिर भी टाइपराइटर में किसी भी तरह का वर्ड लिखने में परेशानी होता था. क्योंकि उसमें स्पेस बटन नहीं होता था. इसीलिए क्रिस्टोफर लैथम शोलेज के द्वारा एक बेहतर टाइपराइटर या कीबोर्ड का अविष्कार किया गया.

जिसमें स्पेस बटन भी मौजूद था. जिसके द्वारा टाइपिंग करने में आसानी होने लगा. इस लेख में कीबोर्ड का अविष्कार किसने किया और कब किया, कीबोर्ड का क्या उपयोग है, इसका फुल फॉर्म क्या होता है से संबंधित विस्तृत जानकारी दी गई है.

अगर Keyboard का अविष्कार लेख से संबंधित किसी भी तरह का सवाल या सुझाव है तो कृपया कमेंट करके जरूर बताएं.

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