Republic day essay in hindi गणतंत्र दिवस क्यों मनाते हैं

हर साल हम लोग गणतंत्र दिवस क्यों मनाते हैं Republic day essay in hindi गणतंत्र दिवस का निबंध गणतंत्र दिवस कब से मनाना शुरू किया गया 26 january के दिन क्या-क्या होता है 26 january का दिन हमारे लिए क्या महत्व रखता है.

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हर साल हम लोग गणतंत्र दिवस मनाते हैं 26 january का दिन एक पर्व की तरह हर कोई हर्षोल्लास से मनाता है हर साल 26 january का इंतजार सभी को रहता है लेकिन 26 january क्यों मनाया जाता है यह भी जानना बहुत ही जरूरी है जब संविधान लागू हुआ तो कितने दिनों में इसको पूरा किया गया इसमें कौन-कौन से सदस्य थे इसके बारे में आइए नीचे विस्तार से जानते हैं.

गणतंत्र दिवस क्यों मनाया जाता है

गणतंत्र दिवस यानी कि 26 january के दिन हमारे भारत देश का संविधान लागू किया गया था जो कि हम लोग हर साल 26 january के दिन रिपब्लिक डे के तौर पर मनाते हैं

इसी दिन आजाद भारत के सबसे पहले राष्ट्रपति डॉ राजेंद्र प्रसाद ने राष्ट्रपति के तौर पर शपथ लिया था और उन्होंने ही सबसे पहले भारतीय सैन्य बल को सलामी भी दिया था इक्कीस तोपों का सलामी उन्होंने भारत के सैन्य बल को दिया था

राजेंद्र प्रसाद ने उसी दिन यह घोषणा किया  कि हमारे देश में आगे से 26 january के दिन ही republic day यानी कि गणतंत्र दिवस मनाया जाएगा उस दिन से लेकर आजतक और आगे भी इसी दिवस मनाया जाता रहेगा.

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26 जनवरी को संविधान क्यों लागू हुआ

गणतंत्र दिवस भारत में हर जगह मनाया जाता है लेकिन 26 january के दिन ही संविधान क्यों लागू किया गया इसके बारे में शायद कम ही लोगों को पता होगा जब भारत अंग्रेजों के अधीन था और कई क्रांतिकारी भारत को आजाद करने के लिए कई तरह के आंदोलन कर रहे थे

कई क्रांतिकारी फांसी पर चढ़ गए कितनों ने अपना जान गवा दिया कई अधिवेशन कांग्रेस की तरफ से हुए पंडित जवाहरलाल नेहरू के अध्यक्षता में बैठक आयोजित करके यह निर्णय लिया गया कि 26 january को स्वतंत्रता दिवस के रूप में मनाया जाएगा.

इसी को देखते हुए लाहौर में नागरिक अवज्ञा आंदोलन करने का फैसला किया गया और 26 जनवरी के दिन independence day मनाने की शपथ लेकर झंडा फहराया गया. लेकिन अंग्रेजों ने सभी नामंजूर कर दिया तो जो क्रांतिकारी थे कांग्रेस के सदस्य थे सभी लोगों ने मिलकर 26 january 1930 को भारत को पूर्ण स्वराज्य दिलाने के लिए घोषणा की.

  इसीलिए जब भारत आजाद हुआ और संविधान लागू करने का समय आया तो सभी ने मिलकर 26 जनवरी के दिन को ही संविधान लागू करने के लिए चुना  इसीलिए 1950 से लेकर अभी तक 26 जनवरी का दिन ही गणतंत्र दिवस के रूप में मनाया जाता हैं. 

संविधान का निर्माण कितने दिनों में हुआ

संविधान लागू तो हुआ लेकिन संविधान बनाने में बहुत ही दिन लग गए संविधान बनाने में 2 साल 11 महीने 17 दिन का समय लगा था उसके बाद पूरा संविधान का निर्माण हुआ इसका शुरुआत 9 दिसंबर 1946 से शुरू हुआ था और 26 जनवरी 1949 को पूरा करके पूरा संविधान सभापति को सौंपा गया था.

26 january 1950 को अधिकारिक तौर पर संविधान लागू करके आजाद भारत के पहले राष्ट्रपति को चुना गया और तभी से यह घोषणा किया गया कि 26 january के दिन ही गणतंत्र दिवस मनाया जाएगा. 26 january 1950 में जब संविधान लागू किया गया तो 10:18 पर भारत को गणतंत्र बनाया गया और 10:24 पर डॉ राजेंद्र प्रसाद ने आजाद भारत के पहले राष्ट्रपति के रूप में शपथ लिया.

रिपब्लिक डे क्या है  

रिपब्लिक डे यानी कि गणतंत्र दिवस भारत का एक राष्ट्रीय पर्व है जो कि हर भारतीय 26 january के दिन बहुत ही हर्षोल्लास से मनाते हैं भारत भले ही 15 अगस्त 1947 में स्वतंत्र हो गया था लेकिन भारत में जो अधिनियम एक्ट था वह अंग्रेजों का ही बनाया गया था इसीलिए भारत को एक गणतंत्र देश के रूप में बनाना बहुत ही जरूरी था.

इसीलिए भारत के जो कांग्रेस के सदस्य थे जिन्होंने संविधान का निर्माण किया जिसमें प्रमुख भूमिका भीमराव अंबेडकर पंडित जवाहरलाल नेहरू डॉ राजेंद्र प्रसाद सरदार वल्लभभाई पटेल आदि का था.

तो 26 january 1950 में भारत का संविधान लागू हुआ था. 1935 का जो अधिनियम संविधान था जिसके अनुसार भारत में जो भी कानूनी कार्यवाही होती थी उसको खत्म करके 1950 में नया संविधान लागू किया गया.

 26 january के दिन क्या-क्या होता है

गणतंत्र दिवस हर साल भारत में बहुत ही खुशी से हर्षोल्लास से मनाया जाता है क्योंकि जिस संविधान के अनुसार भारत में सभी लोग अपना कार्य करते हैं जिस कानून के तौर तरीके से अपराधियों को सजा दिया जाता है उसी संविधान का निर्माण हुआ था.

भारत एक गणतंत्र देश के रूप में घोषित हुआ भारत का अपना संविधान बना था. इसलिए गणतंत्र दिवस को भी independence day की तरह ही बहुत ही खुशी से मनाया जाता है.

इस दिन दिल्ली में जो इंडिया गेट है उस पर बहुत ही भव्य तरीके से परेड का आयोजन किया जाता है जिसमें भारत के तीनों सेना नौ सेना थल सेना वायु सेना बहुत ही अच्छी तरह से हर साल अलग-अलग तरीके से परेड करते हैं.

भारत के हर राज्य के झलक झांकी के रूप में दिखाया जाता है इंडिया गेट पर भारत के जो भी राष्ट्रपति रहते हैं झंडा फहराते हैं इक्कीस तोपों की सलामी दिया जाता है क्योंकि जब 1950 में संविधान लागू हुआ था उस समय भारत के पहले राष्ट्रपति डॉ राजेंद्र प्रसाद ने 21 तोपों की सलामी दिया था. 

संविधान का निर्माण करने में कौन-कौन सदस्य थे

जब भारत 15 अगस्त 1947 में आजाद हुआ तो भारत को एक संविधान का जरूरत था भारत को एक स्वतंत्र गणराज्य बनाने की जरूरत थी 26 नवंबर 1949 को भारतीय संविधान बना जो कि 2 साल 11 महीने 17 दिन में बनकर तैयार हुआ था इसको बनाने में मुख्य भूमिका डॉ भीमराव अंबेडकर का था.

उनके साथ साथ सरदार वल्लभ भाई पटेल जवाहरलाल नेहरू मौलाना अबुल कलाम आजाद डॉ राजेंद्र प्रसाद आदि प्रमुख सदस्यों ने अपनी भूमिका बहुत अच्छे से निभाई थी. और भारत को एक पूर्ण गणराज्य के रूप में घोषित किया गया.

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सारांश

26 january के दिन गणतंत्र दिवस के रूप में हर साल एक राष्ट्रीय पर्व के रूप में मनाया जाता है इस दिन का इंतजार सभी को हर साल रहता है क्योंकि हम लोग जिस संविधान के अनुसार जो भी कानूनी कार्यवाही होता है.

उस संविधान का निर्माण 26 जनवरी 1950 में हुआ था इसलिए इस दिन को republic day के रूप में हर साल मनाया जाता है और आगे भी मनाया जाता  रहेगा.

इस लेख में गणतंत्र दिवस क्यों मनाया जाता है 26 january के दिन ही republic day क्यों मनाया जाता है संविधान बनाने में मुख्य भूमिका किन-किन सदस्यों का था यह सारी जानकारी दी गई है आप लोगों को यह लेख कैसा लगा कृपया कमेंट करके हमें जरूर बताएं और अपने दोस्त मित्रों को शेयर जरूर करें.

 

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